लोकसभा चुनाव 2019 बहुत रोमांचक होता जा रहा है. शुक्रवार को यूपी के मैनपुरी में एक ऐसा वाकया हुआ जिसपर किसी को यकीन नहीं हो पा रहा था. दरअसल बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती औऱ समाजवादी पार्टी के सरंक्षक मुलायम सिंह यादव एक ही मंच पर दिखाई दिए. साथ ही दोनों ही एक दूसरे का धन्यवाद देते हुए दिखाई दिए.

24 सालों बाद बना ऐसा संयोग

लगभग 24 साल बाद ऐसा हुआ की जब बीएसपी और सपा के मुखिया एक साथ एक मंच पर दिखाई दिए हों. दरअसल दोनो ही पार्टियों मिलकर एक साथ चु्नावी रैली को संबोधित कर रहे थे. जिसमें बसपा प्रमुख मायावती और सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव साथ नज़र आए. मुलायम सिंह ने कहा की मायावती हमेशा उनके साथ खड़ी रही हैं इसलिए सभी उनका सम्मान करें.

मायावती को मिली बीच की कुर्सी

मंच पर सबसे पहले मायावती पहुंच गई जिसके बाद उन्होंने तीन कुर्सियों में से किनारे वाली कुर्सी ली. जब मुलायम पहुंचे तो मायावती ने उनका अभिवादन किया. फिर जिद्द कर मुलायम किनारे वाली कुर्सी में बैठ गए औऱ मायावती को बीच की कुर्सी में बैठाया. मंच पर पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव अपने पिता मुलायम को संभालते हुए नज़र आए.

मायावती की तारीफ करते रहे मुलायम

मुलायम सिंह यादव ने कहा की मायावती उनके मुश्किल वक्त में हमेशा उनके साथ खड़ी रही हैं. उन्होंने भी जब मायावती को ज़रुरत पड़ी तब उनका साथ दिया. ये कहते हुए मुलायम ने मायावती का धन्यवाद दिया औऱ उनका सम्मान करने की अपील की. वहीं मायावती ने भी मुलायम की जमकर तारीफ की और पिछड़े वर्ग का असली नेता मुलायम को बताया. साथ ही पीएम नरेंद्र मोदी पर भी मायावती ने हमला किया और कहा की खुद को ओबीसी बताने वाले वो फर्जी हैं. बता दें की 2 जून 1995 को हुए गेस्ट हाउस कांड के बाद ऐसा मौका आया जब मायावती और मुलायम सिंह यादव एक साथ मंच पर आए.